रिपोर्टर कुंज कुमार रात्रे
महासमुन्द रायपुर कानून व्यस्था को मजबूती व बढ़ते अपराधों पर लगाम जनमानस की सुरक्षा को व्यापक स्तर पर मजबूती लाने आदि अनेक उद्देश्यों को लेकर राज्य शासन के गृह विभाग द्वारा राजधानी रायपुर में पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली लागू की गई है लेकिन इस प्रणाली का वर्तमान स्वरूप केवल चालान वसूली ही कार्य अभिप्राय है जो प्रणाली के मूल उद्देश्यों से भिन्न है उक्त बातें पूर्व जिला कांग्रेस प्रवक्ता नीरज परोहा तिवारी ने विज्ञप्ति में कही l
पूर्व प्रवक्ता ने आगे कहा कि…राज्य की राजधानी की बिगड़ती कानून व्यवस्था आज किसी से छिपी नही है l हत्या लूटपाट…अवैध नशीले पदार्थो की तस्करी…विक्रय आदि की घटनाएं राज्य की राजधानी की कानून व्यवस्था पर प्रश्न चिन्ह लगाते है सरकार कानून व्यवस्था में चुस्ती व मजबूती के लिए पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली लागू की है लेकिन इस प्रणाली के लागू उपरांत आज वर्तमान तक कानून व्यवस्था में कोई सुधार नही आया है प्रतिदिन हिंसक घटनाएँ लूट हत्या आदि अनेक कार्य राजधानी की प्रमुख विशेषताओं में गिने जाते है l गृह विभाग द्वारा लागू की कमिश्नरेट प्रणाली केवल यातायात चालान की कार्यवाही तक ही सीमित हो गई है l राज्य सरकार को हिंसक घटनाओं की रोकथाम की जगह केवल यातायात चालान पर मिल रहे राजस्व प्राप्ति पर ही अपने कर्तव्यों की इतिश्री मान रही है जो बेहद निन्दाजनक है l
पूर्व प्रवक्ता ने आगे कहा कि सरकार को कुंभकर्णी निद्रा से जगाने व बेहतर व कड़ी कानून व्यवस्था के लिए शहर जिला अध्यक्ष श्री कुमार मेनन जनसेवक पंकज शर्मा विकास उपाध्याय जी व समस्त नेताओ के नेतृत्व में कांग्रेस जनो ने कमिश्नरेट प्रणाली के अंर्तगत सभी पुलिस थानों सहित उच्च अधिकारियों को शांति पूर्ण गांधीवादी प्रदर्शन व चर्चा कर इस ओर ध्यान इंगित किया था पंरतु शासन की लचर व्यवस्था में कोई भी सुधार नही हो पाया आज पर्यन्त तक व्यवस्था दुरुस्त के कोई भी कड़े उपाय नही किए गए l सत्ता पक्ष के नेता…सत्ता सुख में विलीन है और विपक्ष के संगठन के नेता ही इस व्यवस्था को दुरुस्ती के लिए संघर्षरत है l